आरती · मूल देवनागरी पाठ

जय गणेश जय गणेश देवा

Jai Ganesh Jai Ganesh Deva

सूरदास (परंपरा अनुसार)

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01पद

जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा। माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥

02पद

एक दंत दयावंत चार भुजा धारी। माथे सिंदूर सोहे मूसे की सवारी॥ जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा॥

03पद

पान चढ़े फूल चढ़े और चढ़े मेवा। लड्डुअन का भोग लगे संत करें सेवा॥ जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा॥

04पद

अंधन को आँख देत कोढ़िन को काया। बाँझन को पुत्र देत निर्धन को माया॥ जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा॥

05पद

'सूर' श्याम शरण आए सफल कीजे सेवा। माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥ जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा॥

06पद

दीनन की लाज रखो शंभु सुतकारी। कामना को पूर्ण करो जाऊँ बलिहारी॥ जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा॥

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